Q.1944 में ब्रेटन वुड्स में विश्व मौद्रिक सम्मेलन में कौन से भारतीय वित्त मंत्री भारत के प्रतिनिधि थे?
Correct answer: आर.के. शनमुखम चेट्टी
Explanation
1944 में ब्रेटन वुड्स में विश्व मौद्रिक सम्मलेन में भारतीय वित्त मंत्री आर.के. शनमुखम चेट्टी भारत के प्रतिनिधि थे। अन्तर्राष्ट्रीय पुनर्निर्माण और विकास बैंक (IBRD) तथा अन्तर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष की स्थापना एक साथ वर्ष 1944 में अमेरिका के न्यू हैम्पशायर में ब्रेटन वुड्स सम्मेलन के दौरान हुई थी। ब्रटेन वुड्स सम्मेलन को आधिकारिक तौर पर संयुक्त राष्ट्र मौद्रिक और वित्तीय सम्मेलन के रूप में जाना जाता है। 1 से 22 जुलाई, 1944 तक 44 देशों के प्रतिनिधि इस सम्मेलन में शामिल हुये थे। इसका तात्कालिक उद्देश्य द्वितीय विश्वयुद्ध और विश्वव्यापी संकट से जूझ रहे देशों की मदद करना था।
1944 में ब्रेटन वुड्स में विश्व मौद्रिक सम्मलेन में भारतीय वित्त मंत्री आर.के. शनमुखम चेट्टी भारत के प्रतिनिधि थे। अन्तर्राष्ट्रीय पुनर्निर्माण और विकास बैंक (IBRD) तथा अन्तर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष की स्थापना एक साथ वर्ष 1944 में अमेरिका के न्यू हैम्पशायर में ब्रेटन वुड्स सम्मेलन के दौरान हुई थी। ब्रटेन वुड्स सम्मेलन को आधिकारिक तौर पर संयुक्त राष्ट्र मौद्रिक और वित्तीय सम्मेलन के रूप में जाना जाता है। 1 से 22 जुलाई, 1944 तक 44 देशों के प्रतिनिधि इस सम्मेलन में शामिल हुये थे। इसका तात्कालिक उद्देश्य द्वितीय विश्वयुद्ध और विश्वव्यापी संकट से जूझ रहे देशों की मदद करना था।