Q....... एक ऐसी स्थिति है, जिसमें लंबे समय तक अपर्याप्त वर्षा होती है और इसका सामयिक और स्थानिक वितरण भी असंतुलित होता है–
Correct answer: मौसमी सूखा
Explanation
मौसमी सूखा एक ऐसी स्थिति है जिसमें लंबे समय तक अपर्याप्त वर्षा होती है और इसका सामयिक और स्थानिक वितरण भी असंतुलित होता है। कृषि सूखा–इसे भूमि का आर्द्रता सूखा भी कहते हैं। यह तब होता है जब मिट्टी में आर्द्रता की कमी होती है और फसलें क्षतिग्रस्त हो जाती हैं। जलीय सूखा–यह तब होता है जब धरातलीय एवं भूमिगत जलाशयों का जल स्तर एक निश्चित सीमा से नीचे गिर जाये। पारिस्थितिक सूखा– जब प्राकृतिक तंत्र में जल की कमी से उत्पादकता में कमी हो जाती है और परिणामस्वरूप पारिस्थितिकी तंत्र में तनाव आ जाता है तथा यह क्षतिग्रस्त हो जाता है तो पारिस्थितिकी सूखा कहलाता है।
मौसमी सूखा एक ऐसी स्थिति है जिसमें लंबे समय तक अपर्याप्त वर्षा होती है और इसका सामयिक और स्थानिक वितरण भी असंतुलित होता है। कृषि सूखा–इसे भूमि का आर्द्रता सूखा भी कहते हैं। यह तब होता है जब मिट्टी में आर्द्रता की कमी होती है और फसलें क्षतिग्रस्त हो जाती हैं। जलीय सूखा–यह तब होता है जब धरातलीय एवं भूमिगत जलाशयों का जल स्तर एक निश्चित सीमा से नीचे गिर जाये। पारिस्थितिक सूखा– जब प्राकृतिक तंत्र में जल की कमी से उत्पादकता में कमी हो जाती है और परिणामस्वरूप पारिस्थितिकी तंत्र में तनाव आ जाता है तथा यह क्षतिग्रस्त हो जाता है तो पारिस्थितिकी सूखा कहलाता है।